देवरिया “नरसंहार” के पीछे कौन था – जिसने करवा दिया “कत्ल वाला कांड”

0
20231003_065945

उत्तर प्रदेश के देवरिया में हुए नरसंहार के पीछे आखिरकार क्या वजह थी। जिसमें एक हत्या का बदला पांच लोगों की हत्या को अंजाम देकर लिया गया। लेकिन क्या आप जानते हैं कि चंद सेकंड में खेले गए इस खूनी खेल के पीछे की मुख्य वजह क्या थी और कौन था वो, जिसने खूनी स्याही का वो कांटा छुपा दिया था। जिसने समय आते ही मौत का खेला खेल दिया। आइए आगे जानते हैं इस नरसंहार की वो दांस्ता, जिसने प्रदेश की जनता को दहशत में डाल रखा है। 

दिल को दहला देने वाले इस हत्याकांड का मुख्य सूत्रधार था साधु दुबे। साधु मृतक सत्य प्रकाश दुबे का भाई है। साधु और सत्यप्रकाश के बीच आपसी बटवारा हुआ बंटवारे के बाद साधु ने अपने हिस्से में मिली जमीन को कुछ दिनों तक तो अपने पास रखा, लेकिन बाद में पूर्व जिला पंचायत सदस्य प्रेमचंद यादव को बेच दी, और घर को खाली करते हुए वह प्रेमचंद के घर पर ही रहने लगा। कुछ महीने बाद साधु प्रेमचंद का घर छोड़कर गुजरात चला गया। इस बीच भाई द्वारा जमीन प्रेमचंद को बेचे जाने से नाराज सत्यप्रकाश अपने मन ही मन में कुंठा मान बैठा। क्योंकि पहले भी दोनों के बीच पटरी नहीं खाया करती थी। सत्यप्रकाश के मन में शंका बनी रहती थी कि प्रेमचंद खरीदी गई जमीन के बहाने उसकी भूमि में भी कब्ज़ा करना चाहता है। 

कुछ ऐसा ही सोमवार यानी 02 अक्टूबर 2023 की सुबह भी हुआ। हमेशा की तरह प्रेमचंद रुद्रपुर कोतवाली क्षेत्र के फतेहपुर गांव में बसे लेहड़ा टोले में पहुँच गया। जहाँ प्रेमचंद ने अपनी गाड़ी सत्यप्रकाश के दरवाजे खड़ी की, और खरीदी गई जमीन का मुआयना करने लगा, इसी बीच सत्यप्रकाश भी घर से बाहर आ गया। तभी कुछ ही देर बाद दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया। देखते ही देखते मामूली सी कहा सुनी मारपीट में बदल गई। इसी बीच सत्यप्रकाश के द्वारा प्रेमचंद की हत्या हो जाती है। जिसकी खबर इलाके में आग की तरह फैलती है, और कुछ समय बाद मृतक प्रेमचंद के परिजन समर्थकों के साथ हल्ला बोल देते हैं।

सत्यप्रकाश घबरा सा जाता है। परिवार के बचाव को लेकर पूरे परिवार को घर के अंदर कैद कर लेता है। लेकिन हमलावरों की आंखों में खून बरस रहा होता है। जिसके चलते गोली तमंचे और धारदार हथियारों से लैस लोगों ने सत्य प्रकाश के घर का दरवाजा तोड़ डाला, और सबसे पहले सत्यप्रकाश को खींचकर मौत के घाट उतार दिया। फिर सरेआम सत्यप्रकाश की पत्नी और दो बेटियों सहित बेटे गांधी दुबे को हमेशा के लिए मौत की नींद सुला दिया। हमलावर इतने बेरहम थे कि इस नरसंहार में उन्होंने किसी का गला काटा था तो किसी को गोली मारी थी।  

वर्तमान में मौके की स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। जिसको देखते ही भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। सीएम योगी के प्रमुख सचिव इस पर नजर बनाए हुए हैं। जिसकी मॉनिटरिंग खुद मुख्यमंत्री द्वारा की जा रही है, वहीं डीजीपी उत्तर प्रदेश ने देवरिया के एसपी से पूरी रिपोर्ट मांगी है।

About The Author

Leave a Reply

Discover more from ROCKET POST LIVE

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading