कानपुर: पटेल समाज पर अत्याचार के विरोध में भारतीय कुर्मी महासभा, जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन

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कानपुर। उत्तर प्रदेश में हाल के दिनों में हुई दो हत्याओं को लेकर भारतीय कुर्मी महासभा अब खुलकर विरोध में उतर आई है। संगठन ने अपने सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से जिला स्तर पर विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया है। इसी क्रम में कानपुर में महासभा के पदाधिकारी जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और सरकार के खिलाफ आक्रोश प्रकट किया।

पदाधिकारियों ने उठाई आवाज 

गौरतलब है कि 26 अगस्त को फतेहपुर में केशपाल पटेल तथा 22 अगस्त को अयोध्या में सागर पटेल की हत्या हुई थी। इन घटनाओं को लेकर महासभा ने गंभीर चिंता व्यक्त की है। संगठन का कहना है कि प्रदेश में लगातार पटेल समाज के लोगों पर अत्याचार की घटनाएं बढ़ रही हैं, जिन पर रोक लगाना बेहद आवश्यक है।

जिलाधिकारी को सौंपा गया ज्ञापन

कानपुर में हुए विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष धीरेन्द्र कुमार पटेल ने किया। उनके साथ दर्जनों पदाधिकारी और कार्यकर्ता जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह से मिले। इस दौरान संगठन ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा और मांग की कि दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।

संगठन का आक्रोश

महासभा के पदाधिकारियों ने कहा कि जिस तरह से समाज के लोगों को निशाना बनाया जा रहा है, वह चिंता का विषय है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ऐसी घटनाओं पर रोक नहीं लगाई गई तो सभी पटेल संगठन एकजुट होकर बड़े आंदोलन की राह पकड़ेंगे। इसके अतिरिक्त, उन्होंने सरकार से मांग की कि समाज के लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और दोषियों को कड़ी सजा दी जाए।

विरोध की दिशा

संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि यह विरोध केवल कानपुर तक सीमित नहीं रहेगा। राज्यभर में महासभा से जुड़े कार्यकर्ता जिलों में इसी तरह प्रदर्शन करेंगे। इसका उद्देश्य सरकार का ध्यान आकृष्ट करना और समाज के प्रति हो रहे अत्याचारों को रोकना है।

आंदोलन को तैयार है महासभा 

भारतीय कुर्मी महासभा का यह विरोध प्रदर्शन इस बात का संकेत है कि समाज अपने अधिकारों और सुरक्षा के मुद्दों पर अब अधिक मुखर होता जा रहा है। संगठन ने सरकार को चेताया है कि यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो बड़े आंदोलन के लिए तैयार रहना होगा।

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