Pilibhit: DM-SP-ADM ट्रैक्टर से बाढ़ क्षेत्र दौरे पर, सुनिए जिलाधिकारी का संदेश
Pilibhit: बाढ़ राहत मोर्चे पर डीएम-एसपी, ट्रैक्टर से किया बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का दौरा, विधायक विवेक वर्मा भी साथ रहे
इस दौरे के दौरान विधायक विवेक वर्मा भी प्रशासनिक टीम के साथ मौजूद रहे। पूरे घटनाक्रम की वीडियो भी हमें मिले हैं जिन्हें आप इस लिंक को क्लिक करके देख सकते हैं : –
जिले में बाढ़ से बिगड़ी स्थिति पर नज़र रखने के लिए डीएम ज्ञानेंद्र सिंह, एसपी अभिषेक, एडीएम ऋतु पुनिया और विधायक विवेक वर्मा ने गुरुवार को बीसलपुर तहसील के बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। यह दौरान प्रशासन ने हालात की गंभीरता जानने के लिए स्वयं ट्रैक्टर से बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में प्रवेश किया।
Pilibhit:12 किलोमीटर तक हाईवे पर तीन फीट पानी
दौरान निरीक्षण, डीएम ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि बीसलपुर हाईवे पर करीब 12 किलोमीटर लंबे हिस्से में लगभग तीन फीट तक पानी भरा हुआ है। इस कारण आवागमन बुरी तरह प्रभावित है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी राजस्व कर्मी गाँव-गाँव जाकर प्रधानों से संपर्क करें और जो भी आवश्यक सामग्री — भोजन, दवा या अन्य जरूरत — हो, उसे तत्काल उपलब्ध कराया जाए।
बाढ़ में फंसी गर्भवती महिला का रेस्क्यू
इसी बीच, डीएम को सूचना मिली कि बढ़ेपुरा गाँव में हरप्रसाद की पत्नी गर्भवती हैं और उनका घर चार फीट पानी से घिरा हुआ है। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी ने एसडीएम बीसलपुर और सीएमओ को तुरंत मौके पर भेजा। टीम ने महिला को सुरक्षित निकालकर एंबुलेंस से स्वास्थ्य केंद्र पहुँचाया, जहाँ महिला ने एक स्वस्थ शिशु को जन्म दिया।
ऐसी आपात स्थिति में ग्रामीणों प्रशासन की इसी तरह की तत्परता और संवेदनशीलता की आवश्यकता होती है।
Pilibhit:धैर्य बनाए रखें, प्रशासन आपके साथ है— डीएम ज्ञानेंद्र सिंह का सुनिए ये सन्देश:-
डीएम ज्ञानेंद्र सिंह ने बाढ़ प्रभावित ग्रामीणों से अपील की कि वे धैर्य बनाए रखें। उन्होंने कहा —
“जिला प्रशासन और तहसील प्रशासन की सीधी नज़र बाढ़ प्रभावित हर गाँव पर है। हमारी टीमें भोजन, दवा और राहत सामग्री पहुँचा रही हैं। यदि किसी भी प्रकार की समस्या आती है तो लोग कंट्रोल रूम, एसडीएम या सीधे मेरे नंबर पर संपर्क कर सकते हैं। हम हर संभव मदद के लिए तैयार हैं।”
डीएम ने यह भी बताया कि उत्तराखंड से मिली जानकारी के अनुसार नदियों में पानी का स्तर कुछ घटा है, इसलिए स्थिति धीरे-धीरे सामान्य होने की उम्मीद है।
Pilibhit:प्रशासन की सख्त निगरानी
डीएम का यह दौरा और गर्भवती महिला का सफल रेस्क्यू और राहत कार्यों की सक्रियता ऐसी बनाई रहना आवश्यक भी है। क्योंकि जहाँ पर अगर चार फुट बाढ़ का पानी चरों तरफ हो तो एक गर्भवती महिला का परिवार किस मनोदशा में होगा, इसका सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है। ऐसी परिस्थिति में गरीब ही नहीं जिसके पास धन है वह भी रोजमर्रा की वस्तुओं के आभाव में आ जाता है। लिहाजा प्रशासन ही ऐसे में सबसे बड़ी उंम्मीद होता है।