पहले बनाया वीडियो फिर खाया ज़हर और सो गया मौत की नींद | Muzaffarnagar Suicide Viral Video
Muzaffarnagar Suicide Viral Video, मौत से पहले बनाया वीडियो फिर खाया जहर — शादी के ढाई महीने बाद युवक ने लगाया पत्नी और ससुराल पर आरोप, फिर किया सुसाइड
मुजफ्फरनगर के चरथावल थाना क्षेत्र में एक दर्दनाक घटना ने पूरे जनपद को झकझोर कर रख दिया है। महज़ ढाई महीने पहले शादी करने वाला 30 वर्षीय युवक आरिफ अब इस दुनिया में नहीं है। मौत से पहले उसने एक वीडियो संदेश रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जिसमें उसने अपनी आत्महत्या की पूरी ज़िम्मेदारी अपनी पत्नी फरीन और ससुराल पक्ष पर डाल दी। आरिफ का वह आख़िरी वीडियो अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है, जिसने रिश्तों की सच्चाई और समाज में बढ़ते मानसिक दबाव की भयावह तस्वीर उजागर कर दी है।
“मेरी मौत की वजह मेरी पत्नी और ससुराल वाले हैं” — वायरल वीडियो में आरिफ के आख़िरी शब्द
वायरल वीडियो में आरिफ ने टूटे हुए मन से कहा, “मेरी मौत की वजह मेरी पत्नी और उसके घरवाले हैं, उन्होंने मुझे इतना परेशान किया कि अब मेरे पास जीने का कोई कारण नहीं बचा।”
वीडियो में उसने यह भी बताया कि शादी के बाद से ही उसकी पत्नी और ससुराल वाले उस पर ससुराल में रहकर कमाने और पैसा भेजने का दबाव डालते थे। वह मानसिक रूप से इतना परेशान था कि आख़िरकार उसने जहरीला पदार्थ खाकर अपनी जान देने का फैसला कर लिया।
ढाई महीने की शादी और लगातार बढ़ता तनाव
सूत्रों के मुताबिक, आरिफ का विवाह करीब ढाई महीने पहले सरवट गांव की फरीन से हुआ था। शादी के कुछ हफ्तों बाद ही दोनों के बीच पैसों और रहने की जगह को लेकर विवाद शुरू हो गया था।
आरिफ के पिता और परिजनों के अनुसार,
“शादी के बाद से ही आरिफ को ससुराल वाले लगातार प्रताड़ित कर रहे थे। कभी पैसा मांगते, कभी कहते कि अपने घर वालों से दूर रहो और हमारे घर में आकर रहो। उसने कई बार बताया कि वो बहुत परेशान है, पर हमने सोचा कि समय के साथ सब ठीक हो जाएगा।”
लेकिन हालात बदतर होते चले गए।
परिजनों के अनुसार, ससुराल पक्ष कभी-कभी उनके गांव में आकर भी आरिफ पर दबाव बनाते थे, जिससे उसका तनाव बढ़ता गया। मंगलवार को आरिफ ने अपने खेत में जाकर वीडियो रिकॉर्ड किया, सोशल मीडिया पर डाला और फिर जहर खा लिया।
खेत में मिला अचेत आरिफ, इलाज के दौरान मौत
वीडियो वायरल होने के कुछ ही घंटे बाद जब परिजनों को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने आरिफ को ढूंढना शुरू किया।
वह अपने खेत में अचेत अवस्था में पड़ा मिला। आनन-फानन में परिजन उसे बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने इलाज के दौरान उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
इस घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है — युवा उम्र में मौत और उससे पहले छोड़ा गया भावनात्मक वीडियो हर किसी को अंदर तक झकझोर रहा है।
पुलिस जांच में जुटी — “सभी बिंदुओं पर गहनता से जांच की जा रही है”
सीओ सदर रविशंकर मिश्रा ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया —
“21 अक्टूबर की शाम चरथावल थाना क्षेत्र के रहने वाले 30 वर्षीय आरिफ ने जहरीला पदार्थ खा लिया था। परिजनों ने उसे बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। युवक का विवाह कुछ माह पूर्व सरवट निवासी महिला से हुआ था। पुलिस द्वारा शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
मामले के सभी बिंदुओं पर गहराई से जांच की जा रही है और साक्ष्य एकत्र कर अग्रिम विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।”
मृतक के परिजनों की पीड़ा — “हमारे बेटे को जानबूझकर तोड़ा गया”
मृतक के परिजन मासूम का कहना है कि आरिफ शुरू से ही ससुराल वालों की प्रताड़ना झेल रहा था।
“वो बार-बार कहता था कि ससुराल वाले उसे अपमानित करते हैं, पैसा मांगते हैं, और पत्नी लगातार ताने देती है। अगर वो लोग थोड़ा भी समझदारी दिखाते, तो हमारा बेटा आज जिंदा होता। उन्होंने जानबूझकर उसे टूटने पर मजबूर किया। हम चाहते हैं कि इन लोगों को सख्त सजा मिले।”
सामाजिक नजरिया — जब रिश्ते बनते हैं मानसिक कैद
यह घटना न सिर्फ एक आत्महत्या की कहानी है, बल्कि समाज में टूटते रिश्तों और मानसिक तनाव के बढ़ते बोझ की भी गवाही देती है।
शादी के बाद आर्थिक और भावनात्मक अपेक्षाओं का दबाव जब इंसान को तोड़ देता है, तो परिणाम यही होते हैं — एक और घर उजड़ जाता है, एक और परिवार बिखर जाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में परिवारों को सहानुभूति और संवाद की भूमिका निभानी चाहिए, ताकि युवाओं को आत्महत्या जैसा कदम उठाने से रोका जा सके।
आगे की कार्रवाई
पुलिस अब आरिफ की पत्नी फरीन और ससुराल पक्ष से पूछताछ में जुटी है।
मोबाइल डेटा, वायरल वीडियो और कॉल डिटेल्स की जांच की जा रही है।
यदि प्रताड़ना के पर्याप्त सबूत मिले, तो आरोपियों पर धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।
आरिफ का यह मामला उस समाज को आईना दिखाता है जहाँ रिश्तों में अपेक्षाएँ प्यार पर भारी पड़ जाती हैं। एक ओर शादी का उत्सव, दूसरी ओर ढाई महीने बाद मौत — यह अंतर हमें सोचने पर मजबूर करता है कि हम मानसिक और सामाजिक समर्थन के कितने अभाव में जी रहे हैं।