Kanpur News – यूनिवर्सिटी में शुरू हुई दस दिवसीय कार्यशाला, राज्यपाल महोदय की उपस्थिति में हुआ शुभारंभ
कानपुर समाचार – नवीन शोध करने का मिलेगा अवसर, विद्यार्थियों में बढ़ेगा ज्ञान, कुलपति ने बढ़ाया मनोबल
रिपोर्ट – ज्ञानेंद्र कुमार शुक्ला – कानपुर नगर
Kanpur News – कानपुर यूनिवर्सिटी में महामहिम राज्यपाल उत्तर प्रदेश श्रीमती आनंदीबेन पटेल एवं माननीय कुलपति प्रोफेसर विनय कुमार पाठक की सत्प्रेरणा से शिक्षा विभाग, सीएसजेएमयू, आई क्यू ए सी एवं शोध एवं विकास प्रकोष्ठ के संयुक्त तत्वावधान में रिसर्च मेथोडोलॉजी विषयक 10 दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ पंडित दीनदयाल उपाध्याय सभागार में किया गया।
डॉक्टर रश्मि गोरे ने ज्ञान तृतीय नेत्र है
स्वागत भाषण में शिक्षा विभागाध्यक्ष डॉ रश्मि गोरे ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि ज्ञान मनुष्य का तृतीय नेत्र है, जिसका मध्यम शोध है,यही जीवन की गुणवत्ता एवं राष्ट्रीय विकास का माध्यम है।शोध एवं विकास प्रकोष्ठ की अधिष्ठाता डॉ अनुराधा कालानी ने बताया कि शोध की सीमा ही नवीन शोध को अवसर देती है, यही ज्ञान यात्रा है।
डॉक्टर विमल सिंह ने दिया अपना वक्तत्व
आयोजन सचिव डॉ विमल सिंह ने प्रतिभागियों से विषय विशेषज्ञ, शोध मर्मज्ञ प्रोफेसर डी एन सनसनवाल का परिचय कराया। तत्पश्चात प्रोफेसर सनसनवाल ने कहा की हमारे देश में अपार स्तरीय शोध का मूल कारण कक्षाओं में अपसारी एवं अभिसारी चिंतन का अभाव है। हमे अपनी शिक्षा प्रणाली को शोध उन्मुखी बनाना होगा।इसका एकमात्र उपाय अभ्यास है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस नैसर्गिक नही है, इस बात का ख्याल हमें ज्ञान की वैधता के संबंध में रखना होगा।
प्रोफ़ेसर अंशु यादव ने किया आव्हान
प्रोजेक्ट एवं कंसलटेंसी की अधिष्ठाता प्रोफेसर अंशु यादव ने कहा कि नई शिक्षा नीति 2020 गुणवत्तापूर्ण शोध को बढ़ावा देती है तथा शोध समस्या एक सामाजिक समस्या है। प्रतिकुलपति प्रोफेसर सुधीर कुमार अवस्थी ने शोधकर्ताओं एवं शोध निर्देशकों का आह्वान किया कि वैज्ञानिक शोध एवं सामाजिक विज्ञान शोध में ज्ञान संप्रेषण में को बढ़ावा दें। जिससे नीति निर्माण में शोध निष्कर्षों का उपयोग हो सके। हमारी प्राचीन शिक्षा पद्धति प्रश्न से शुरू होती थी हमें ऐसा वातावरण बनाना होगा जिसमें प्रश्न की प्रतिष्ठा हो।
इस अवसर पर यह भी रहे उपस्थित
आई क्यू ए सी के निदेशक प्रोफेसर संदीप कुमार सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा की ये उत्कृष्ट कार्यशाला हमारे सामूहिक प्रयासों का परिणाम है। कार्यक्रम का मंच संचालन डॉ रत्नार्तुः मिश्र एवं श्रीमती प्रिया तिवारी ने किया। इस अवसर पर आयोजन समिति के सह आयोजन सचिव डॉ गोपाल सिंह,कोषाध्यक्ष डॉ बद्री नारायण मिश्र, डॉ तनुजा भट्ट,सुश्री प्रियंका मौर्य, डॉ कुंवर कुलदीप सिंह चौहान सहित अनेक शिक्षक,शोधार्थी एवं विद्यार्थी उपस्थित थे।