Kannauj News : बारिश में मकानों के ढह जाने के बाद खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर ग्रामीण
रिपोर्ट : संदीप शर्मा
कन्नौज । देश और प्रदेश की सरकार भले ही गरीबों को आवास योजना के तहत आवास देकर कार्य कर रही है, लेकिन कन्नौज जिले में विभागीय अधिकारियों के लिये यहां के किसानों और ग्रामीणों के लिये कुछ अलग ही माजरा है। बारिश के कारण जर्जर और कच्चे मकानों के गिर जाने के बाद जहां विभागीय कर्मियों ने पीड़ितों के नाम बीपीएल सूची में दर्ज करके उनकी फोटो खींचकर खानापूरी कर दी, वहीं पीड़ित परिवार खुले आसमान के नीचे गुजर बसर करने को मजबूर हैं।

बताते चलें कि लगातार बीते कुछ दिनों से मानसून मेहरवान होने के चलते कन्नौज जिले में अलग अलग स्थानों पर बारिश का दौर जारी है। इंदरगढ़ थाना क्षेत्र की बात की जाय, तो यहां भी कई गांवों में बारिश के बाद हालत काफी खराब हैं। कहीं निकलने के लिये रास्ते पानी और गंदगी से भरे पड़े हैं तो कहीं बारिश के कारण कुछ ग्रामीणों के मकान भी गिर गये।

क्षेत्र के बलेपुर्वा के आत्माराम बताते हैन कि बारिश से उनके कच्चे मकान की छत गिर जाने के बाद वह और उनका परिवार खुले आसमान के नीचे जीवन जीने को विवश है, संबंधित विभागीय प्रधान सचिव से समस्या भी बताई गई, लेकिन इसके बाद भी बीपीएल सूची में नाम होने के अलावा फोटो खींचकर औपचारिकता पूरी कर दी गई। इसी प्रकार कलशान ग्राम पंचायत के भगवन्तपुर भोरामऊ में भी जर्जर मकान बारिश के कारण कच्चे मकान गिर गये।

यहां के पीड़ित सरोजनी देवी, पूनम देवी, पिंकी पत्नी संजय सिंह, संजय पुत्र गया सिंह, बताते हैं कि बारिश के कारण मकान गौर जाने के बाद उनकी रोजमर्रा की व्यवस्थायें ठप हैं, घर पर रखा राशन का सामान भी मकान ढहने से मलवे में ही दब गया, दीवारें चटक चुकी हैं, बच्चों के भरण पोषण तक के लाले हो गये हैं।
बीपीएल सूची में नाम होने के अलावा फोटो खींच कर विभागीय कर्मचारियों और ग्राम सचिव ने खानापूरी कर पल्ला झाड लिया है। पीड़ित ग्रामीणों ने जिले के शासन प्रशासन के अधिकारियों के अलावा मुख्यमंत्री से भी मदद की गुहार लगाई है।