पीलीभीत में ‘उड़ता खौफ’, रात के अंधेरे में मंडराते ड्रोन, गांवों में दहशत, पुलिस अलर्ट

0
पीलीभीत में ‘उड़ता खौफ’!- जिले में रहस्यमयी ड्रोन उड़ान से ग्रामीणों में दहशत। माधौटांडा, गजरौला और बरखेड़ा क्षेत्रों के गांवों में मंडराते ड्रोन की सूचनाएं ।

पीलीभीत में ‘उड़ता खौफ’!- जिले में रहस्यमयी ड्रोन उड़ान से ग्रामीणों में दहशत। माधौटांडा, गजरौला और बरखेड़ा क्षेत्रों के गांवों में मंडराते ड्रोन की सूचनाएं ।

पीलीभीत में दहशत: आधी रात गांवों के ऊपर मंडरा रहे रहस्यमयी ड्रोन, पुलिस अलर्ट पर, लोग सहमे

पीलीभीत (उत्तर प्रदेश):
पीलीभीत के बरखेडा, भजनपुरा, माधोटांडा, सहजनिया, टांडा, और गिधौर जैसे गांव पिछले कई दिनों से ‘उड़ते खौफ’ के साए में हैं।
रात ढलते ही आसमान में रहस्यमयी ड्रोन मंडराते दिखाई देते हैं, जिन पर चमकती लाइट्स और कैमरे लगे होने की आशंका है।
ग्रामीणों के मुताबिक –
“ड्रोन हमारे खेतों और घरों के ऊपर देर रात तक उड़ते रहते हैं। कई बार नीचा आकर घरों की खिड़कियों तक आते हैं। महिलाएं और बच्चे खौफ में हैं, लोग घरों से बाहर निकलना बंद कर चुके हैं।”

पीलीभीत में ‘उड़ता खौफ’, ग्रामीणों का गुस्सा – “किसकी जासूसी हो रही है?”

गांववालों का आरोप है –
“ये ड्रोन हमारी जासूसी कर रहे हैं या फसल और जमीन की निगरानी कर रहे हैं। कई लोग कह रहे हैं कि ड्रोन से वीडियो बनाकर गैंग अपराध कर सकते हैं या महिलाओं की जासूसी हो रही है। रात में नींद हराम हो चुकी है।”

पीलीभीत में ‘उड़ता खौफ’, पुलिस का बयान – कौन उड़ा रहा ड्रोन?

पीलीभीत के ASP विक्रम दहिया ने बताया :
“कई गांवों से शिकायतें आई हैं। टीमों को ड्रोन की फुटेज और लोकेशन ट्रेस करने के लिए लगाया गया है। अवैध ड्रोन उड़ाने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी।” साथ ही उनहोंने यह भी बताया की पीलीभीत में लगातार बाघ और तेंदुआ के हमलो की खबर आ रही है , उन्हें ट्रेस करने के लिए भी लगातार ड्रोन  उड़ाकर बाघ और तेंदुए की लोकेशन ट्रेस करने की कोशिश की जा रही है , सायद वही ड्रोन ग्रामीणों को दिखाई दे रहे  हों जिस कारण लोग  दहशत में हों, हमारी  पीलीभीत के लोगों से अपील है की डरने की कोई बात नहीं है पुलिस लगातार मामले की निगरानी कर रही है।  

थाना माधोटांडा प्रभारी का बयान:
थाना माधोटांडा प्रभारी ने बताया कि रात्रि में ड्रोन उड़ने की सूचनाएं लगातार प्राप्त हो रही हैं, हालांकि अभी तक किसी ने लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई है। इसके बावजूद, हमारी टीम गाँवों में लगातार गश्त कर रही है और ग्रामीणों को अफवाहों पर ध्यान न देने की सलाह दे रही है। उन्होंने कहा कि पुलिस इस पूरी घटना पर चौबीसों घंटे नजर बनाए हुए है और हर सूचना को गंभीरता से ले रही है।

थाना गजरौला प्रभारी का बयान:
थाना गजरौला प्रभारी ने कहा कि क्षेत्र में ड्रोन उड़ने की शिकायतें आई हैं और इस मामले में लगातार निगरानी की जा रही है। उन्होंने बताया कि वे स्वयं टीम के साथ रात के समय गाँवों में जाकर लोगों से मिलते हैं, और जो लोग झुंड बनाकर बाहर खड़े रहते हैं, उन्हें घर के अंदर रहने की सलाह दी जाती है। उन्होंने कहा कि अफवाहों से बचने और दहशत से दूर रहने के लिए ग्रामीणों को लगातार जागरूक किया जा रहा है, जबकि पुलिस इस मामले पर सख्त नजर बनाए हुए है।

थाना बरखेड़ा प्रभारी का बयान:
थाना बरखेड़ा प्रभारी ने कहा कि कुछ गाँवों से ड्रोन उड़ने की सूचनाएं प्राप्त हुई हैं और पुलिस उन पर लगातार नजर बनाए हुए है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे रात में बेवजह जागकर समय न गंवाएँ और घरों के अंदर सुरक्षित रहकर आराम से सोएँ। उन्होंने यह भी कहा कि लोगों को किसी भी प्रकार की दहशत में आने की जरूरत नहीं है क्योंकि पुलिस हर समय चौकसी बरते हुए है।

पीलीभीत में ‘उड़ता खौफ’, सिर्फ पीलीभीत ही नहीं – इन जिलों में भी ‘ड्रोन दहशत’

पीलीभीत के अलावा लखीमपुर खीरी, शाहजहांपुर, बरेली, हरदोई और सीतापुर जिलों से भी रात में ड्रोन दिखने की घटनाएं सामने आई हैं।
लखीमपुर में तो ग्रामीणों ने ड्रोन को गोली मारने तक की चेतावनी दी है, जबकि बरेली और हरदोई में पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

लखीमपुर खीरी के पुलिस अधीक्षक संजीव सुमन ने बयान दिया:
“संभावना है कि कुछ निजी लोग या कंपनियां अवैध निगरानी के लिए ड्रोन उड़ा रही हैं। जांच के लिए तकनीकी टीम लगाई गई है।”

बरेली पुलिस के मुताबिक,
ड्रोन ऑपरेटर की तलाश में साइबर टीम जुटी है। यदि यह सुरक्षा उल्लंघन या जासूसी है, तो राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई होगी।”

पुलिस का एक्शन प्लान:

तकनीकी टीमें ड्रोन के सिग्नल और फुटेज ट्रैक कर रही हैं।

रात में गश्त बढ़ाई गई है और ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील की गई है।

जरूरत पड़ने पर ड्रोन गिराने के लिए स्नाइपर और जैमर तैनात किए जाएंगे।

क्या है इन रहस्यमयी ड्रोन के पीछे की सच्चाई?

सूत्रों के मुताबिक, ड्रोन का इस्तेमाल जमीन की निगरानी, तस्करी, या अपराधियों की प्लानिंग के लिए हो सकता है।
कुछ ड्रोन बॉर्डर पार से भी आ सकते हैं, जिसके चलते IB और BSF की टीम भी अलर्ट पर है।

पीलीभीत में दहशत: आधी रात घर के आंगन तक पहुंची खूंखार बाघिन, जिलेभर में बाघ-तेंदुए का आतंक!

About The Author

Leave a Reply

Discover more from ROCKET POST LIVE

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading