UP News: खुलासा ! 12वीं के छात्र ने इसलिए माँ को उतारा मौत के घाट, 4 दिन घर में सड़ती रही लाश
UP News: गोरखपुर के पिपराइच इलाके में भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र में कार्यरत वैज्ञानिक राममिलन की पत्नी की मौत के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। कक्षा 12वीं में पढ़ने वाले उनके इकलौते बेटे ने ही अपनी मां की हत्या की थी। पुलिस की पूछताछ में बेटे ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। यह मामला पारिवारिक विवाद और दबाव के कारण उत्पन्न हुआ, जिसने एक युवा को इस दर्दनाक कदम उठाने पर मजबूर किया।
हत्या का कारण: मां से विवाद
पुलिस द्वारा की गई जांच के बाद यह सामने आया कि बेटे ने अपनी मां को धक्का दे दिया था, जिसके कारण उन्हें सिर में गंभीर चोट आई और उनकी मौत हो गई। बेटे ने बताया कि उसकी मां उसे स्कूल जाने के लिए मजबूर कर रही थीं। उसने तीन दिसंबर को स्कूल न जाने का प्रयास किया, लेकिन जब उसकी मां ने उसे जबरदस्ती भेजने की कोशिश की, तो उसने उन्हें धक्का दे दिया। इस धक्के से मां गिर पड़ीं और सिर में चोट लगी। इस हादसे के बाद बेटे ने मां की नब्ज चेक की, लेकिन उनकी मौत हो चुकी थी।
घर में शव, बेटे का डर
बेटे ने बताया कि वह डर गया और मां को घर में छोड़कर स्कूल बैग लेकर बाहर निकल गया। उसने घर का दरवाजा बंद कर दिया और फिर कुछ दिनों तक घर से बाहर रहा। बाद में जब घर में बदबू आने लगी, तो उसने अगरबत्ती जलानी शुरू कर दी थी। जब शव से बदबू आने लगी, तब उसने घर में किसी को आने से रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरे का कनेक्शन भी काट दिया था।
बेटे का जुर्म कबूलना
पोस्टमार्टम रिपोर्ट और घर में मिले खून के निशानों ने पुलिस को इस मामले की गहराई तक पहुंचने में मदद की। जब पुलिस ने बेटे से कड़ी पूछताछ की, तो उसने अपने गुनाह को स्वीकार कर लिया। बेटे ने बताया कि उसने मां को धक्का दिया था और उसके बाद घर छोड़ दिया था। पुलिस ने बेटे के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया है।
वैज्ञानिक राममिलन की प्रतिक्रिया
इस पूरी घटना पर राममिलन, जो भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र में सहायक वैज्ञानिक के रूप में कार्यरत हैं, ने बताया कि तीन दिसंबर को उनकी पत्नी से सामान्य बातचीत हुई थी, लेकिन जब वह घर पहुंचे तो उन्हें पत्नी का शव खून से सना हुआ मिला। राममिलन ने कहा कि वह कभी नहीं सोच सकते थे कि उनका बेटा ऐसा कदम उठा सकता है।
समाज और परिवार पर प्रभाव
इस दर्दनाक घटना ने न केवल एक परिवार को तोड़ा, बल्कि समाज में बच्चों की मानसिक स्थिति और पारिवारिक दबावों पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह मामला यह भी दिखाता है कि कभी-कभी सख्त माता-पिता के दबाव से बच्चों पर किस तरह का मानसिक प्रभाव पड़ सकता है, जो घातक परिणामों की ओर ले जाता है।
पुलिस जांच जारी है
पुलिस ने मामले की जांच पूरी कर ली है और बेटे को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। एसपी उत्तरी जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि यह एक जघन्य अपराध है और आरोपी को कानून के अनुसार सजा दिलवाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।