Agra के ‘द हेवन’ होटल से कूदी युवती, कमरे का किराया 500 रुपये प्रति घंटा, जानिये सच?
Agra में सनसनी, ‘द हेवन’ होटल से युवती गिरी,पार्टी या खतरनाक खेल? खुला होटल, बिखरे सामान और गुब्बारे, सब कुछ रहस्य में छुपा?
Agra: यूपी के आगरा में एक साधारण-सा दिखने वाला होटल अचानक सुर्खियों में आ गया। मामला शास्त्रीपुरम क्षेत्र के “द हेवन” होटल का है, जहाँ कल दोपहर उस समय हड़कंप मच गया जब एक युवती पहली मंजिल से गिर गई। शुरुआती रूप में यह एक साधारण हादसा लगता था, लेकिन जब हमने होटल का दौरा किया और स्थानीय लोगों से बातचीत की तो मामला कहीं अधिक गंभीर और संदिग्ध नजर आया।
एक नजरिए से यह होटल साधारण नहीं
“द हेवन” होटल में केवल 5 कमरे हैं, जो प्रति घंटे 500 रुपये के हिसाब से किराए पर दिए जाते थे। इसके अलावा होटल में एक छोटा सा पार्टी हॉल भी मौजूद है। स्थानीय लोगों और वहां मौजूद गेस्ट्स के अनुसार, होटल में दिन-भर युवक-युवतियों का आना-जाना लगा रहता था।
होटल के खुले कमरे देखकर स्पष्ट होता है कि हादसे से थोड़ी देर पहले तक लोग वहां मौजूद थे। कमरे अस्त-व्यस्त थे—बिखरी चादरें, गुब्बारे, चाबियां और पार्टी का सामान। एक कमरे की दीवार पर लिखा “हैप्पी बर्थडे” साफ दर्शाता था कि हाल ही में पार्टी आयोजित की गई थी।
हादसा: डर और भगदड़ का माजरा
मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, होटल में पुलिस रेड की अफवाह फैल गई। युवती, अपने बॉयफ्रेंड के साथ, घबराहट में कमरे से भागी और छत के किनारे बने कमजोर डक्ट में छिपने की कोशिश की। दुर्भाग्यवश, डक्ट टूट गया और युवती लगभग 18 फीट नीचे गिर गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई।
स्थानीय लोगों ने बताया कि युवती के कपड़े अस्त-व्यस्त थे। घटना के समय होटल स्टाफ और गेस्ट भी तेजी से वहां से भाग निकले। तीनों खुले कमरे, बिखरे सामान और अस्त-व्यस्त बिस्तर इस बात का प्रमाण हैं कि भगदड़ से पहले ही वहां लोग मौजूद थे।
स्थानीय लोगों की चेतावनी
होटल के आसपास के लोग मानते हैं कि अगर सब कुछ सामान्य होता, तो स्टाफ और गेस्ट अचानक क्यों भागते और होटल बंद क्यों नहीं किया जाता। उनका कहना है कि होटल में बिना आईडी प्रूफ के कमरे किराए पर दिए जाते थे, और यहां कुछ संदिग्ध गतिविधियां होती रही हैं।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। होटल संचालक संतोष राजपूत को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी रेड की योजना नहीं थी, केवल गिरने की सूचना पर वे मौके पर पहुँचे थे।
सवाल उठता है…
क्या यह सिर्फ एक हादसा था या कुछ और छुपा हुआ है?
क्यों हर दिन युवक-युवतियां यहां आते थे?
होटल में सुरक्षा और नियमों का पालन क्यों नहीं होता?
इस घटना ने शास्त्रीपुरम के लोगों में चिंता और सवालों का साया बढ़ा दिया है। स्थानीय लोग चाहते हैं कि प्रशासन इस होटल के खिलाफ कड़ी जांच और कार्रवाई करे, ताकि युवाओं की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके और ऐसे संदिग्ध स्थानों पर नकेल कसी जा सके।