Uttar Pradesh: 44 हजार होमगार्ड पदों पर जल्द होगी भर्ती, पढ़िए शैक्षिक योग्यता और बदले शारीरिक दक्षता के नियम
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने लंबे समय से लंबित होमगार्ड भर्ती प्रक्रिया को लेकर बड़ा कदम उठाया है। प्रदेश में करीब 44 हजार रिक्त पदों पर जल्द ही भर्ती की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। सरकार ने इसके लिए न केवल शैक्षिक योग्यता में बदलाव किया है, बल्कि आयु सीमा और शारीरिक दक्षता परीक्षा के नियमों को भी संशोधित करने का प्रस्ताव तैयार किया है।
शैक्षिक योग्यता में किया गया यह बदलाव
अब तक होमगार्ड भर्ती में न्यूनतम शैक्षिक योग्यता हाईस्कूल निर्धारित थी। लेकिन सरकार ने समय की मांग और कार्य की जिम्मेदारियों को देखते हुए इसमें बदलाव का फैसला किया है। प्रस्ताव के अनुसार, अब केवल इंटरमीडिएट (12वीं पास) युवा ही आवेदन कर सकेंगे। यह कदम भर्ती प्रक्रिया को अधिक प्रतिस्पर्धी और योग्य उम्मीदवारों की भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
पास हुआ आयु सीमा घटाने का प्रस्ताव
भर्ती प्रक्रिया में सबसे बड़ा बदलाव आयु सीमा को लेकर किया गया है। पहले अधिकतम आयु सीमा 45 वर्ष थी, लेकिन अब इसे घटाकर 30 वर्ष करने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। इसका उद्देश्य है कि भर्ती में अधिक ऊर्जावान और शारीरिक रूप से सक्षम उम्मीदवार शामिल हो सकें।
जानिए शारीरिक दक्षता परीक्षा के नए नियम
भर्ती प्रक्रिया में शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) अहम भूमिका निभाती है। नए नियमों के तहत पुरुष अभ्यर्थियों को 25 मिनट में 4.8 किलोमीटर दौड़ना अनिवार्य होगा। वहीं, महिला अभ्यर्थियों को 14 मिनट में 2.4 किलोमीटर दौड़ना आवश्यक होगा। इन मानकों का उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना और सेवा में आने वाले जवानों की फिटनेस सुनिश्चित करना है।
एनरोलमेंट बोर्ड का गठन
भर्ती प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए सरकार जल्द ही एक एनरोलमेंट बोर्ड का गठन करने जा रही है। प्रस्तावित व्यवस्था के अनुसार, इस बोर्ड के अध्यक्ष आईजी होमगार्ड होंगे। बोर्ड ही संपूर्ण भर्ती प्रक्रिया की निगरानी करेगा और यह सुनिश्चित करेगा कि चयन प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से पूरी की जाए।
युवाओं के लिए है सुनहरा अवसर
प्रदेश के बेरोजगार युवाओं के लिए यह भर्ती अभियान एक बड़ा अवसर साबित होगा। चूँकि राज्य में होमगार्ड विभाग की जिम्मेदारियाँ लगातार बढ़ रही हैं, ऐसे में रिक्त पदों को भरना बेहद आवश्यक है। नई भर्ती से न केवल युवाओं को रोजगार मिलेगा, बल्कि प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
पढ़िए इस बदलावों का उद्देश्य
इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य भर्ती प्रक्रिया को समयानुकूल बनाना है। पहले की तुलना में अब युवाओं को अधिक मेहनत और तैयारी करनी होगी। शैक्षिक योग्यता बढ़ाने से उम्मीदवारों में बौद्धिक क्षमता का स्तर भी उच्च होगा, जबकि आयु सीमा घटाने से अधिक ऊर्जावान जवान विभाग में शामिल होंगे। वहीं, शारीरिक दक्षता के कड़े मानदंड यह सुनिश्चित करेंगे कि सेवा में केवल वही उम्मीदवार शामिल हों जो फिटनेस और अनुशासन की कसौटी पर खरे उतरें।