रेल हादसों की साजिश रोकने के लिए डीजीपी का नया फार्मूला
रेल हादसे रोकने के लिए डीजीपी का प्लान: उत्तर प्रदेश में हाल के दिनों में ट्रेन हादसों की साजिश ने शासन और प्रशासन को अलर्ट कर दिया है। एक महीने के भीतर दो बार ट्रेन हादसे की साजिश का प्रयास किया गया, जिससे रेलवे बोर्ड, यूपी पुलिस और अन्य जांच एजेंसियों की सक्रियता बढ़ गई है। इन घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस के डीजीपी प्रशांत कुमार ने स्थिति को काबू में करने के लिए नए निर्देश जारी किए हैं, जो रेलवे सुरक्षा बल (जीआरपी) और सिविल पुलिस के लिए हैं।
डीजीपी प्रशांत कुमार के निर्देश
डीजीपी ने कहा कि रेलवे ट्रैक पर किसी भी प्रकार की अवरोधक घटनाओं को रोकने के लिए एक कार्ययोजना बनाई जानी चाहिए, जिस पर जीआरपी और स्थानीय पुलिस मिलकर काम करेंगे। रेलवे ट्रैक की सुरक्षा के लिए संयुक्त पेट्रोलिंग की व्यवस्था की जाएगी।
इसके अलावा, डीजीपी ने यह निर्देश भी दिए कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर उसे संबंधित एजेंसियों के साथ तुरंत साझा किया जाए। ट्रेनों पर पत्थरबाजी जैसी घटनाओं पर सख्त कार्रवाई करने की भी बात कही गई है। रेलवे ट्रैक के पास रहने वाले लोगों का पुलिस द्वारा वेरिफिकेशन किया जाएगा ताकि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की पहचान हो सके।
साजिश को रोकने की ठोस पहल
यह निर्देश रेल हादसों की साजिश को रोकने के लिए डीजीपी प्रशांत कुमार की ठोस पहल को दर्शाते हैं। इस योजना का उद्देश्य रेलवे ट्रैक और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, ताकि किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधियों को रोका जा सके।
डीजीपी के इन कदमों से उम्मीद की जा रही है कि भविष्य में रेल हादसों की घटनाओं को रोका जा सकेगा और रेलवे यात्रियों की सुरक्षा में सुधार होगा।