Muzaffarnagar: 6 की मौत, पिता की अस्थियां लेकर जा रहे थे हरिद्वार, तेज रफ़्तार बनी हादसे का कारण
Muzaffarnagar: भीषण सड़क हादसा, पिता की अस्थियां लेकर हरिद्वार जा रहे सात लोग, छह की मौके पर मौत
मुजफ्फरनगर। जिंदगी की राहें कभी-कभी ऐसे कटु मोड़ पर बदल जाती हैं कि चंद पलों में खुशियों की मंज़िल मातम में बदल जाती हैं । बुधवार की सुबह मुजफ्फरनगर जनपद में ऐसा ही दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने सात लोगों के जीवन को तहस-नहस कर दिया। कार में सवार परिवार हरिद्वार अस्थि विसर्जन के लिए जा रहा था। रास्ते में पानीपत-खटीमा राजमार्ग के तितावी बाईपास खड़े ट्रक में उनकी अर्टिगा गाड़ी पीछे से जा टकराई। इस भीषण टक्कर में छह लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है।
सीसीटीवी में कैद हुआ दर्दनाक मंजर
हादसे की पूरी भयावहता पास लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। गाड़ी की गति इतनी तेज थी कि टक्कर के बाद गाड़ी के परखच्चे उड़ गए। मौके पर पहुंचे राहगीर और स्थानीय लोग चीख-पुकार में मच गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल को अस्पताल पहुंचाया और मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेजा।
मृतकों की पहचान
इस हादसे में तीन महिलाएं और तीन पुरुष
विन्नी, 50 वर्ष
मोहनी, 55 वर्ष
अंजू, 40 वर्ष
पीयूष, 20 वर्ष
गाड़ी चालक शिवा, 28 वर्ष
राजेंद्र, 56 वर्ष
गंभीर रूप से घायल युवक हार्दिक को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
अस्थियां लेकर जा रहे थे हरिद्वार
कार में सवार सात लोग करनाल से हरिद्वार जा रहे थे, पिता की अस्थियां विसर्जित करने के लिए। यह यात्रा श्रद्धा और भावनाओं से भरी हुई थी। परंतु, तेज रफ्तार अर्टिगा गाड़ी ने उनकी जिंदगी को ही तहस-नहस कर दिया। चंद सेकंडों में यात्रा एक दर्नाक मंज़र में बदल गई।
प्रत्यक्षदर्शियों और अधिकारियों के बयान
राजेश कुमार (प्रत्यक्षदर्शी) बताते हैं कि “कार पूरी तरह से बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी। मौके पर लोगों की चीखें और रोने की आवाजें सुनकर दिल दहल गया।”
सुशील कुमार मिश्रा (आरटीओ मुजफ्फरनगर) ने कहा कि “हादसे की जांच की जा रही है। चालक की लापरवाही और तेज रफ्तार को प्राथमिक कारण माना जा रहा है।”
रूपाली राव चौधरी (सीओ फुगाना) ने बताया कि “घायल का उपचार किया जा रहा है और शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। हम इस हादसे की पूरी जांच करेंगे।”
परिवार में कोहराम और गांव का मातम
हादसे की खबर मिलते ही परिवार और गांव में कोहराम मच गया। माता-पिता, भाई-बहन और रिश्तेदार अपने अपनों को खोकर बुरी तरह सदमे में हैं। गम और आंसू के बीच यह घटना सबको याद दिलाती है कि सड़क पर हर पल सावधानी बेहद जरूरी है।
सड़क सुरक्षा और समाज के लिए संदेश
यह हादसा सड़क सुरक्षा के प्रति गंभीर चेतावनी है। तेज रफ्तार और लापरवाही किसी की जिंदगी पलभर में छीन सकती है। प्रशासन और जनता के लिए यह घटना यह संदेश देती है कि सड़क पर वाहन चलाते समय हमेशा सतर्कता, गति नियंत्रण और ट्रैफिक नियमों का पालन जीवन बचाने के लिए अनिवार्य है।